शबरी के प्रेम से राम-हनुमान मिलन तक, बाली वध के मंचन ने रामलीला एवं दशहरा ग्राउंड, फेज-1, मोहाली में बांधा समां
श्रीराम के जीवन के भावपूर्ण प्रसंगों ने दिया भक्ति, विश्वास और धर्म की राह पर चलने का संदेश
मोहाली: शबरी की निश्छल भक्ति, भगवान श्रीराम और हनुमान जी की पहली
मुलाकात तथा बाली वध का प्रसंग… रामलीला एवं दशहरा ग्राउंड, फेज-1, मोहाली में श्री रामलीला एवं दशहरा कमेटी की ओर से आयोजित रामलीला की इस रात्रि में रामायण के कई महत्वपूर्ण प्रसंगों का मंचन किया गया। कलाकारों ने अपने अभिनय के माध्यम से कहीं भक्ति और समर्पण की भावना जगाई, तो कहीं अन्याय के विरुद्ध संघर्ष का संदेश दिया। इस अवसर पर मोहाली भाजपा के प्रधान श्री संजीव वशिष्ठ ने सातवीं रात्रि का शुरुवात की। उन्होंने कहा कि रामायण से सीखना चाहिए कि आदर्श परिवार कैसा होना चाहिए। भाई भाई के लिए प्यार के साथ त्याग की भावना भी होनी चाहिए।
मंचन के दौरान माता शबरी की भगवान श्रीराम के प्रति अटूट श्रद्धा और प्रेम ने दर्शकों को भावुक किया। वर्षों से प्रभु के आगमन की प्रतीक्षा कर रही शबरी और श्रीराम-लक्ष्मण के मिलन का प्रसंग भक्ति की उस भावना को दर्शा
ता है, जिसमें सच्चे प्रेम और समर्पण के आगे कोई भेदभाव मायने नहीं रखता। इसके बाद हनुमान जी और भगवान श्रीराम की पहली मुलाकात का प्रसंग प्रस्तुत किया गया, जो रामायण की कथा में एक महत्वपूर्ण मोड़ है। इस मिलन के साथ श्रीराम की सीता माता की खोज में आगे बढ़ने वाली यात्रा को नई दिशा मिलती है।
इसके बाद बाली वध का मंचन हुआ, जिसमें भगवान श्रीराम, लक्ष्मण, हनुमान, बाली, सुग्रीव और अंगद के पात्रों के माध्यम से रामायण की कथा को आगे बढ़ाया गया। बाली की भूमिका यतिन, सुग्रीव की भूमिका रमन बाली, हनुमान जी की भूमिका गौरव, अंगद की भूमिका आर्यन भाटिया और जामवंत की भूमिका आनंद ने निभाई। भगवान श्रीराम के रूप में प्रतीक और लक्ष्मण के रूप में संदीप राणा ने अभिनय किया। वहीं माता शबरी की भूमिका साध्वी ने निभाई। तारा की भूमिका मोनिका/रचना ने निभाई। अन्य कलाकारों ने भी विभिन्न पात्रों के माध्यम से
मंचन को प्रभावशाली बनाया।
इस अवसर पर मोहाली जिला भाजपा अध्यक्ष संजीव वशिष्ठ मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। रामलीला के मंचन के माध्यम से दर्शकों को भक्ति, मित्रता, विश्वास और धर्म के मार्ग पर चलने की प्रेरणा मिली।
श्री रामलीला एवं दशहरा कमेटी के अध्यक्ष आशु सूद के नेतृत्व में आयोजित रामलीला का मंचन 19 अक्टूबर तक जारी रहेगा, जबकि 20 अक्टूबर को विजयदशमी उत्सव मनाया जाएगा। कमेटी ने शहरवासियों से परिवार सहित पहुंचकर रामलीला देखने और भारतीय धार्मिक एवं सांस्कृतिक परंपराओं से जुड़ने की अपील की है। इस अवसर पर रमन शाली, अभिषेक ठाकुर, और कमेटी के पदाधिकारी शामिल थे।
