As Every Day makes a new beginning in life, it brings new opportunities, opens new avenues, to perform, make a mark and write a Page in the History Books!
नई दिल्ली: अमर बलिदानी सरदार भगत सिंह के उदगार: "दोस्तों - अगर मेरी शादी गुलाम भारत में हुई तो जानते हैं - बारात क्या होगी? बाराती कौन होंगे? और कौन होगी - मेरी दुल्हन? हाँ - मैं बताता हूं। अगर मेरी शादी गुलाम भारत में हुई तो बारात होगी…