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केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्रालय सचिव ने चण्डीगढ़ ईपीएफओ कार्यालय का दौरा कियाऔर समीक्षा की

चण्डीगढ़,: सुश्री सुमिता डावरा, सचिव, श्रम एवं रोजगार मंत्रालय, भारत सरकार ने  14 मई, को ईपीएफओ के आंचलिक कार्यालय, चण्डीगढ़ का दौरा किया व उन्होंने पंजाब एवं हिमाचल प्रदेश अंचल के कार्य निष्पादन की समीक्षा की । पंजाब एवं हिमाचल प्रदेश अंचल के अधीन 6 क्षेत्रीय चण्डीगढ़, लुधियाना, शिमला, जालंधर, अमृतसर व बठिण्डा हैं व 11 जिला कार्यालय कार्यरत हैं । इन सभी कार्यालयों से प्रभारी अधिकारी भी समीक्षा बैठक में सम्मिलित हुए ।

इस दौरान, उन्होंने ऑटो सैटलमैंट द्वारा दावों के निपटान की भी समीक्षा की । ईपीएफओ द्वारा ईपीएफ स्कीम, 1952 के पैरा 68-जे के अंतर्गत 50,000/- रुपये से लेकर 1,00,000/- रुपये तक के दावों का निपटारा भी अब ऑटो सैटलमैंट के द्वारा शुEPFO2रू किया गया है जिससे अंशदाताओं को उनकी भविष्य निधि राशि अब और आसानी से कम समय में प्राप्त होगी ।

इसी अवसर पर, माननीय सचिव द्वारा एक लाभार्थी श्रीमती सीता पत्नी स्व.  बाल किशन को कर्मचारी निक्षेप सहबद्ध बीमा योजना के अंतर्गत 5,34,566/- रुपये का चैक भी प्रदान किया गया । उनके पति  बाल किशन की दिनांक 27.01.2024 को मृत्यु हो गई थी ।

कर्मचारी पेंशन योजना, 1995 के अंतर्गत एक बार पेंशन लागू होने पर पेंशनर को प्रत्येक वर्ष अपना जीवन प्रमाणपत्र अपडेट करवाना अनिवार्य है परन्तु परिवार के मुखिया की मृत्यु होने पर या किन्हीं अन्य कारणों से कुछ पेंशनर अपना जीवन प्रमाणपत्र अपडेट नहीं करवा पाते जिसके परिणामस्वरूप उनकी पेंशन की अदायगी रुक जाती है । जिन पेंशनरों की पेंशन पिछले पाँच वर्षों से जीवन प्रमाणपत्र अपडेट न किये जाने के कारण या किन्हीं अन्य कारणों से लंबित थी, ऐसे पेंशनरों की पेंशन पुनः चालू करने के लिए पंजाब एवं हिमाचल प्रदेश अंचल द्वारा एक विशेष अभियान चलाया गया । ।

सुश्री सुमिता डावरा, सचिव, श्रम एवं रोजगार मंत्रालय, भारत सरकार ने दिनांक 14 मई, को ईपीएफओ के आंचलिक कार्यालय, चण्डीगढ़ का दौरा किया व उन्होंने पंजाब एवं हिमाचल प्रदेश अंचल के कार्य निष्पादन की समीक्षा की । पंजाब एवं हिमाचल प्रदेश अंचल के अधीन 6 क्षेत्रीय कार्यालय चण्डीगढ़, लुधियाना, शिमला, जालंधर, अमृतसर व बठिण्डा हैं व 11 जिला कार्यालय कार्यरत हैं । इन सभी कार्यालयों से प्रभारी अधिकारी भी समीक्षा बैठक में सम्मिलित हुए ।

इस दौरान, उन्होंने ऑटो सैटलमैंट द्वारा दावों के निपटान की भी समीक्षा की । ईपीएफओ द्वारा ईपीएफ स्कीम, 1952 के पैरा 68-जे के अंतर्गत 50,000/- रुपये से लेकर 1,00,000/- रुपये तक के दावों का निपटारा भी अब ऑटो सैटलमैंट के द्वारा शुरू किया गया है जिससे अंशदाताओं को उनकी भविष्य निधि राशि अब और आसानी से कम समय में प्राप्त होगी ।

इसी अवसर पर, माननीय सचिव द्वारा एक लाभार्थी श्रीमती सीता पत्नी स्व.  बाल किशन को कर्मचारी निक्षेप सहबद्ध बीमा योजना के अंतर्गत 5,34,566/- रुपये का चैक भी प्रदान किया गया । उनके पति  बाल किशन की दिनांक 27.01.2024 को मृत्यु हो गई थी ।

कर्मचारी पेंशन योजना, 1995 के अंतर्गत एक बार पेंशन लागू होने पर पेंशनर को प्रत्येक वर्ष अपना जीवन प्रमाणपत्र अपडेट करवाना अनिवार्य है परन्तु परिवार के मुखिया की मृत्यु होने पर या किन्हीं अन्य कारणों से कुछ पेंशनर अपना जीवन प्रमाणपत्र अपडेट नहीं करवा पाते जिसके परिणामस्वरूप उनकी पेंशन की अदायगी रुक जाती है । जिन पेंशनरों की पेंशन पिछले पाँच वर्षों से जीवन प्रमाणपत्र अपडेट न किये जाने के कारण या किन्हीं अन्य कारणों से लंबित थी, ऐसे पेंशनरों की पेंशन पुनः चालू करने के लिए पंजाब एवं हिमाचल प्रदेश अंचल द्वारा एक विशेष अभियान चलाया गया । । पेंशनरों तक उनकी पेंशन, जो विगत कई वर्षों से रूकी पड़ी थी, वह पहुंचे, इसके लिए कर्मचारी भविष्य निधि संगठन के पंजाब एवं हिमाचल प्रदेश अंचल के अधिकारियों व कर्मचारियों द्वारा निर्धारित प्रक्रिया से इतर प्रयास किये गये जिसके परिणामस्वरूप अब तक ऐसे 650 पेंशनरों की पेंशन पुनः शुरू की जा चुकी है । यह भगीरथ प्रयास शेष पेंशनरों के लिए भी जारी है । ऐसे ही 25 प्रयासों को कलमबद्ध करके ई-पुस्तिका “एक सकारात्मक पहल” के रूप में प्रस्तुत किया गया है जिसका विमोचन आज दिनांक 14.05.2024 को सुश्री , डावरा, सचिव, श्रम एवं रोजगार मंत्रालय,  के करकमलों से किया गया । इस अवसर पर पंजाब एवं हिमाचल प्रदेश अंचल के अपर केन्द्रीय भविष्य निधि आयुक्त  कुमार रोहित भी उपस्थित थे।

उनकी पेंशन, जो विगत कई वर्षों से रूकी पड़ी थी, वह पहुंचे, इसके लिए कर्मचारी भविष्य निधि संगठन के पंजाब एवं हिमाचल प्रदेश अंचल के अधिकारियों व कर्मचारियों द्वारा निर्धारित प्रक्रिया से इतर प्रयास किये गये जिसके परिणामस्वरूप अब तक ऐसे 650 पेंशनरों की पेंशन पुनः शुरू की जा चुकी है । यह भगीरथ प्रयास शेष पेंशनरों के लिए भी जारी है । ऐसे ही 25 प्रयासों को कलमबद्ध करके ई-पुस्तिका “एक सकारात्मक पहल” के रूप में प्रस्तुत किया गया है जिसका विमोचन आज दिनांक 14.05.2024 को सुश्री सुमिता डावरा, आई.ए.एस.,  के करकमलों से किया गया । इस अवसर पर पंजाब एवं हिमाचल प्रदेश अंचल के अपर केन्द्रीय भविष्य निधि आयुक्त  कुमार रोहित भी उपस्थित थे।                                                                                                                                           (With inputs from PIB Chandigarh)

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